शहर के केंद्र में पार्किंग व्यवस्था को और बेहतर बनाने के लिए प्रशासन ने नई पेड पार्किंग प्रणाली लागू करने का निर्णय लिया है। इस नई प्रणाली के तहत दोपहिया और चारपहिया वाहनों के लिए पार्किंग शुल्क निर्धारित किया गया है, जिससे पार्किंग प्रबंधन में पारदर्शिता और सुव्यवस्था आएगी।
प्रशासन ने बताया कि दोपहिया वाहनों के लिए प्रति घंटे ₹15 का शुल्क निर्धारित किया गया है। यदि दोपहिया वाहन दूसरे घंटे तक पार्किंग करता है, तो शुल्क ₹30 होगा, और इसके बाद हर अतिरिक्त घंटे के लिए शुल्क ₹15 की वृद्धि के साथ बढ़ता जाएगा। वहीं, चारपहिया वाहनों के लिए पार्किंग शुल्क प्रति घंटे ₹30 रखा गया है। इस नए शुल्क प्रणाली का उद्देश्य पार्किंग स्पेस के उचित उपयोग को सुनिश्चित करना और अत्यधिक भीड़ को कम करना है।
पेड पार्किंग व्यवस्था से पहले शहर के केंद्र में पार्किंग समस्याएं अक्सर देखने को मिलती थीं, जहां अंधाधुंध पार्किंग की वजह से सड़कें जाम हो जाया करती थीं। प्रशासन इस नए सिस्टम को लागू कर पार्किंग व्यवस्था को नियंत्रित करने के साथ ही शहर के यातायात प्रवाह को सुगम बनाने का प्रयास कर रहा है।
नगर निगम के अधिकारीयों ने बताया कि इस नई पेड पार्किंग प्रणाली से पार्किंग की उपलब्धता में सुधार होगा और वाहन चालक नियमों का पालन करने के लिए प्रेरित होंगे। साथ ही, इससे राजस्व में भी वृद्धि होगी, जिसका उपयोग शहर के बुनियादी ढांचे के विकास में किया जाएगा।
कुछ जगहों पर पहले से ही परीक्षण रूप में पेड पार्किंग लागू की जा रही है और इसे सकारात्मक प्रतिक्रिया मिल रही है। प्रशासन ने कहा है कि इसका विस्तार धीरे-धीरे पूरे शहर में किया जाएगा। लोगों से अपील की गई है कि वे इस नई व्यवस्था को स्वीकार करें और अपनी पार्किंग आदतों में सुधार करें ताकि शहर की सड़कें साफ-सुथरी और व्यवस्थित बनी रहें।
यह नया शुल्क निर्धारण प्रणाली वाहन चालकों के लिए एक नई चुनौती होगी, लेकिन शहर में सुधार के लिहाज से इसे आवश्यक कदम माना जा रहा है। आने वाले दिनों में प्रशासन इस योजना की प्रभावशीलता का आकलन करेगा और आवश्यकता अनुसार जरूरी बदलाव भी करेगा।
नगर निगम ने बताया कि पेड पार्किंग से संबंधित नियमों की जानकारी सार्वजनिक स्थानों पर और ऑनलाइन प्लेटफार्मों पर उपलब्ध कराई जाएगी ताकि जनता को पूरी जानकारी मिल सके और वे नियमों का पालन आसान ढंग से कर सकें।

