ईरानी टैंकरों ने यूएस नाकेबंदी को चकमा देने के लिए किया संचार बंद

Rashtrabaan

    नई दिल्ली, 27 अप्रैल 2024: वोरटेक्सा के नवीनतम आंकड़े बताते हैं कि ईरान अभी भी अपने कच्चे तेल के निर्यात में सक्षम है। कम से कम 34 ईरान से जुड़े टैंकर और गैस वाहक स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से होकर गुजर रहे हैं और यूएस युद्धपोतों को चकमा देते हुए अपने मार्ग पर आगे बढ़ रहे हैं।

    स्ट्रेट ऑफ होर्मुज, जो कि एक रणनीतिक समुद्री मार्ग है, में यूएस की नाकेबंदी के बावजूद ईरान की तेल निर्यात की गतिविधि में कोई खास कमी नहीं आई है। वोरटेक्सा के आंकड़ों के अनुसार, ईरानी जहाज या तो अपना संचार बंद कर देते हैं या फिर अपना ट्रैक छिपा कर अमेरिकी निगरानी से बच निकलते हैं। इससे यह संकेत मिलता है कि ईरान अपनी आर्थिक गतिशीलता बनाए रखने के लिए हरसंभव प्रयास कर रहा है।

    विश्लेषकों का मानना है कि यह तकनीक और रणनीति ईरान की समृद्ध ऊर्जा संसाधनों को बाजार तक पहुंचाने में मदद कर रही है। इसके साथ ही, यह अमेरिका की कड़ी नीतियों और प्रतिबंधों को भी चुनौती देती है। ईरान के निर्यात में वृद्धि से क्षेत्रीय स्थिरता और वैश्विक ऊर्जा बाजार पर भी प्रभाव पड़ सकता है।

    यूएस ने कई बार ईरानी तेल निर्यात को रोकने के लिए कड़े प्रतिबंध लगाए हैं, लेकिन इस नए डेटा से स्पष्ट होता है कि ईरानी टैंकर विभिन्न समुद्री मार्गों और संचार गुमनामी के जरिए अपने मिशन को पूरा कर रहे हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय समुद्री कानूनों और निगरानी प्रणालियों को और मजबूत करने की आवश्यकता है ताकि इस प्रकार की नौवहन गतिविधियों पर नियंत्रण पाया जा सके।

    ईरान की यह रणनीति अमेरिका और उसके सहयोगियों के लिए चुनौतीपूर्ण साबित हो रही है। इसके चलते क्षेत्रीय राजनीतिक और आर्थिक गतिशीलता में बदलाव आ सकता है। तेल निर्यात के इस नए अध्याय से जुड़ी घटनाएं अंतरराष्ट्रीय समुदाय की नजरों के लिए सतर्कता की मांग करती हैं।

    इस बीच, वोरटेक्सा जैसे डेटा प्रदाताओं की भूमिका और भी महत्वपूर्ण होती जा रही है, जो वास्तविक समय में जहाजों की गतिविधियों पर नजर रखते हैं और वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति श्रृंखला की पारदर्शिता में सहायता करते हैं।

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