दिल्ली में मौसम ने एक बार फिर अपना रूखा मिजाज दिखाया है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, सफदरजंग स्थित दिल्ली का मुख्य मौसम स्टेशन ने न्यूनतम तापमान 28.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया है, जो सामान्य से 0.7 डिग्री सेल्सियस अधिक है। इस बीच, तेज़ धमाकेदार हवा और धूल भरी आंधी ने राजधानी में वातावरण को काफी प्रभावित किया है।
IMD ने दिल्ली के लिए रेड अलर्ट जारी किया है, जिसके तहत लोगों से अगले कुछ घंटों में बाहर निकलते समय सावधानी बरतने की अपील की गई है। खबर है कि हवा की रफ्तार 92 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच रही है, जिससे धूल और बालू के कण हवा में तैर रहे हैं। यह स्थिति श्वसन संबंधी समस्याओं वाले लोगों के लिए ख़ासतौर से चिंताजनक साबित हो सकती है।
मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक, यह धूल भरी आंधी एक विशेष क्षेत्रीय हवाओं की वजह से हुई है, जो पश्चिमी राज्यों से होकर दिल्ली की ओर बढ़ रही हैं। इस तरह की तेज़ हवाएं अक्सर वातावरण में धूल के कणों को उड़ा कर धूल भरी आंधी उत्पन्न करती हैं, जिससे दृश्यता भी कम हो जाती है।
वहीं, राजधानी में गर्मी के मौसम का असर भी साफ नजर आ रहा है क्योंकि तापमान सामान्य से कुछ ऊपर बना हुआ है। लोगों को सलाह दी जा रही है कि वे धूल भरी आंधी के दौरान सार्वजनिक स्थानों पर कम से कम समय बिताएं, सरकारी निर्देशों का पालन करें और श्वसन समस्याओं से बचाव के लिए मास्क का प्रयोग करें।
इसके अलावा, वाहन चालकों से भी सावधानी बरतने को कहा गया है क्योंकि अचानक धूल की वजह से दृश्यता कम हो सकती है, जो सड़क दुर्घटनाओं का कारण बन सकती है। स्कूल और अन्य सार्वजनिक संस्थान भी इस समय सतर्क रहने का आग्रह कर रहे हैं।
IMD का कहना है कि आने वाले कुछ दिनों में मौसम में स्थिरता आएगी और तेज़ हवाओं का असर कम होने लगेगा। तब तक बारिश की संभावना नहीं है, इसलिए लोगों को धूल भरी आंधी से बचाव के उपाय अपनाने की सलाह दी जा रही है।
इस प्रकार, दिल्लीवासी फिलहाल मौसम के इस अचानक बदलाव के लिए तैयार रहें और जरूरी सावधानियों को गंभीरता से लें ताकि किसी प्रकार की अप्रिय घटना से बचा जा सके।

