मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने शुक्रवार, 1 मई 2026 को दिल्ली जल बोर्ड द्वारा आयोजित एक महत्वपूर्ण कार्यक्रम में ‘कैच द रेन 2026’ अभियान का विधिवत शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने रेन वाटर हार्वेस्टिंग और ग्राउंड वाटर रिचार्ज के महत्व को रेखांकित करते हुए अभियान के आधिकारिक जल शुभंकर ‘नीरा’ का अनावरण भी किया। इस कार्यक्रम में लोकसभा सांसद बांसुरी स्वराज, मंत्री कपिल मिश्रा, विधायक अनिल कुमार शर्मा सहित कई गणमान्य नेता उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री ने अपने सम्बोधन में कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा दिया गया संदेश ‘Catch the Rain, where it falls, when it falls’ आज राष्ट्रीय स्तर पर एक क्रांति का रूप ले चुका है। इस आंदोलन को आगे बढ़ाने के लिए दिल्ली सरकार आम जनता की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित कर रही है।
सब्सिडी और पानी के बिल में छूट का ऐलान
सीएम रेखा गुप्ता ने घोषणा की कि वर्षा जल संचयन को बढ़ावा देने के लिए सरकार 50,000 रुपये तक की सब्सिडी देगी। इसके अलावा, पानी के बिलों में 10 से 15 प्रतिशत तक की छूट और मुफ्त तकनीकी सहायता भी उपलब्ध कराई जाएगी। उन्होंने कहा कि 100 वर्ग मीटर या उससे बड़े सभी भवनों में रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम लगाना अनिवार्य होगा। यह कदम जल संरक्षण के लिए एक बड़ा परिवर्तन लेकर आएगा।
सीएम ने यह भी स्पष्ट किया कि सभी सरकारी कार्यालयों में रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम अनिवार्य रूप से स्थापित किए जाएंगे। जहां ये पहले से मौजूद हैं, उन्हें दुरुस्त कर डिजिटल निगरानी के माध्यम से प्रभावी बनाया जाएगा ताकि जल की बर्बादी रोकी जा सके।
रेखा गुप्ता ने जोर दिया कि वर्षा जल संचयन केवल एक अभियान नहीं, बल्कि जीवन शैली बननी चाहिए। उन्होंने कहा, “बारिश की हर बूंद भविष्य की सुरक्षा है। अगर हम इसे वहीं से संग्रहित करें जहां यह गिरती है तो दिल्ली की जल स्थिति में निश्चित ही सुधार होगा।” उन्होंने आम नागरिकों, संगठनों और संस्थानों से इस पहल में सक्रिय रूप से जुड़ने का आग्रह किया।
यह अभियान न केवल जल संरक्षण को बढ़ावा देगा, बल्कि राजधानी में जल सुरक्षा और स्थिरता को सुनिश्चित करेगा। दिल्ली सरकार की इस पहल से उम्मीद है कि लोग जल के महत्व को समझेंगे और संरक्षण के लिए जागरूक होंगे।

