डीग, 24 अप्रैल। जिला कांग्रेस कमेटी डीग ने महिला आरक्षण बिल को लेकर केंद्र सरकार के खिलाफ एक बड़ी प्रेस वार्ता का आयोजन किया। लाला मुरारी अग्रवाल धर्मशाला में हुई इस प्रेस वार्ता में राजस्थान की पूर्व मंत्री ममता भूपेश मुख्य अतिथि थीं। इस मौके पर कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पदाधिकारी मौजूद रहे। भाजपा सरकार की नीतियों पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कांग्रेस ने महिला आरक्षण बिल संबंधी केंद्र की कार्रवाई पर सवाल उठाए।
कांग्रेस जिलाध्यक्ष राजीव चौधरी ने कहा कि महिला आरक्षण बिल लोकसभा में 22 सितंबर 2023 को पारित हो चुका है एवं राष्ट्रपति की मंजूरी भी मिल चुकी है, फिर भी केंद्र सरकार ने तीन वर्षों में इसका नोटिफिकेशन जारी नहीं किया। उन्होंने इसे केंद्र की जनविरोधी नीति और महिलाओं के अधिकारों के प्रति असंवेदनशीलता करार दिया। साथ ही उन्होंने प्रदेश सरकार पर भी चुनाव न कराने की नीतियों का कड़ा विरोध किया और ‘‘संगठन बढ़ाओ लोकतंत्र बचाओ’’ अभियान के तहत ग्राम अध्यक्षों की नियुक्ति और कार्यकारिणी गठन के निर्देश दिए जाने की जानकारी दी।
मुख्य अतिथि ममता भूपेश ने केंद्र सरकार द्वारा महिला आरक्षण को परिसीमन और जनगणना से जोड़ने की योजना को संविधान के प्रति खतरा बताया। उन्होंने कहा कि इससे चुनावी ढांचे में बदलाव कर जनता को भ्रमित किया जा रहा है। उन्होंने कांग्रेस के इतिहास को याद करते हुए बताया कि पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस ने महिला आरक्षण की नींव रखी थी, जिससे आज देश के विभिन्न निकायों व पंचायतों में महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण मिला है। यह महिला सशक्तिकरण का महत्वपूर्ण कदम है, जिसका लाभ हजारों महिलाएं उठा रही हैं।
श्रीमती भूपेश ने केंद्र सरकार पर संवैधानिक कर्तव्यों के प्रति लापरवाही का आरोप लगाते हुए डिजिटल युग में भी जनगणना पूरी न करने पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने सदैव महिलाओं को उच्च पदों पर जगह दी है, जिसका उदाहरण राजस्थान के अनुसूचित जाति वर्ग की महिला कैबिनेट मंत्री और वर्तमान में भरतपुर की महिला सांसद हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि भाजपा द्वारा प्रस्तावित परिसीमन को कांग्रेस कभी सफल नहीं होने देगी।
महिला कांग्रेस अध्यक्ष श्वेता यादव ने भी भाजपा पर झूठे दावे करने और भ्रम फैलाने का आरोप लगाया तथा कांग्रेस की महिला आरक्षण पक्षधरता को स्पष्ट किया। इस मौके पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों की बड़ी संख्या मौजूद थी, जिन्होंने केंद्र सरकार की नीतियों के विरुद्ध एकजुटता दिखाई।
ममता भूपेश का भरतपुर में राजस्थान बॉर्डर सहित विभिन्न स्थानों पर भव्य स्वागत किया गया। इस दौरान ब्लॉक अध्यक्ष, प्रकोष्ठ अध्यक्ष और अन्य पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे। इस कार्यक्रम ने कांग्रेस की संवैधानिक मूल्यों की रक्षा और महिलाओं के अधिकारों के लिए समर्पण की मजबूत छवि पेश की।

