ट्रम्प ने फेडरल रिजर्व गवर्नर लिसा कुक को किया बर्खास्त, मॉरगेज धोखाधड़ी का आरोप

Rahul Maurya

वॉशिंगटन, राष्ट्रबाण: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने फेडरल रिजर्व की गवर्नर लिसा कुक को उनके पद से तत्काल प्रभाव से हटा दिया है। यह फैसला ट्रम्प प्रशासन के फेडरल रिजर्व की स्वतंत्रता पर बढ़ते दबाव के बीच आया है। ट्रम्प ने कुक पर मॉरगेज धोखाधड़ी का आरोप लगाया, जिसे फेडरल हाउसिंग फाइनेंस एजेंसी (FHFA) के निदेशक बिल पुल्टे ने उजागर किया था। यह पहली बार है जब किसी अमेरिकी राष्ट्रपति ने फेडरल रिजर्व के गवर्नर को बर्खास्त किया है, जिससे कानूनी विवाद की संभावना बढ़ गई है। कुक ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा था कि वह धमकियों से नहीं डरेंगी, लेकिन ट्रम्प ने अपने फैसले को लागू कर दिया।

मॉरगेज धोखाधड़ी का विवाद

ट्रम्प ने सोमवार को एक पत्र में कुक को बर्खास्त करने की घोषणा की, जिसमें उन्होंने दावा किया कि कुक ने मॉरगेज आवेदनों में गलत जानकारी दी थी। न्यूयॉर्क टाइम्स की एक रिपोर्ट के अनुसार, FHFA निदेशक बिल पुल्टे ने आरोप लगाया कि कुक ने 2021 में मिशिगन और जॉर्जिया में दो संपत्तियों को अपनी प्राथमिक निवास स्थान के रूप में घोषित कर अनुचित लाभ लिया था। कुक ने इन आरोपों का जवाब देते हुए कहा था कि वह अपनी वित्तीय जानकारी की जांच कर रही हैं और तथ्यों को सामने लाएंगी। हालांकि, ट्रम्प ने इस मामले को ‘आपराधिक’ करार देते हुए त्वरित कार्रवाई की। फेडरल रिजर्व एक्ट के तहत, किसी गवर्नर को केवल गंभीर अपराध के लिए हटाया जा सकता है, जिससे यह मामला सुप्रीम कोर्ट तक जा सकता है।

सियासी रणनीति या स्वतंत्रता पर हमला?

ट्रम्प का यह कदम फेडरल रिजर्व पर उनके लंबे समय से चले आ रहे हमलों का हिस्सा माना जा रहा है। वह पहले भी फेड चेयर जेरोम पॉवेल की ब्याज दरों को कम न करने की नीति की आलोचना कर चुके हैं। द गार्जियन की एक रिपोर्ट के मुताबिक, कुक की बर्खास्तगी से ट्रम्प फेड में अपने समर्थकों की नियुक्ति कर सकते हैं, जिससे इसकी स्वतंत्रता पर सवाल उठ रहे हैं। सीनेटर एलिजाबेथ वॉरेन ने इसे ‘असंवैधानिक’ और ‘तानाशाही’ कदम बताया है। कुक, जो फेड की पहली अश्वेत महिला गवर्नर थीं, 2022 में जो बाइडेन द्वारा नियुक्त की गई थीं।

फेड और अर्थव्यवस्था पर असर

कुक की बर्खास्तगी से फेडरल रिजर्व की सात सदस्यीय बोर्ड में एक और रिक्ति हो गई है, जिससे ट्रम्प को नई नियुक्तियां करने का मौका मिलेगा। वॉल स्ट्रीट जर्नल के अनुसार, अगर ट्रम्प अपनी पसंद के गवर्नर नियुक्त करते हैं, तो फेड की ब्याज दर नीतियों पर उनका प्रभाव बढ़ सकता है। यह कदम वैश्विक बाजारों में भी अस्थिरता ला सकता है, क्योंकि फेड की स्वतंत्रता वैश्विक अर्थव्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण मानी जाती है। फिलहाल, इस मामले पर फेडरल रिजर्व की ओर से कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है।

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