सर्दियों में ठंड से बचने के लिए चाय पीना सभी को पसंद होता है। सुबह-सुबह हाथों में एक कप गर्मागर्म चाय हो तो दिन की शुरुआत ही खुशनुमा हो जाती है। भारत में चाय के कई प्रकार मौजूद हैं, जिनमें ग्रीन टी, लेमन टी, ब्लैक टी, मसाला टी जैसी कई वेरायटीज़ शामिल हैं। लेकिन क्या आप बटर टी के बारे में जानते हैं? जो पारंपरिक तौर पर तिब्बत, नेपाल और कुछ हिमालयी क्षेत्रों में पिया जाता है।
बटर टी जिसे ‘नोर्मल टी’ या ‘सल्टी बटर टी’ भी कहा जाता है, एक अनूठा पेय है जो मक्खन, चाय पत्ती और नमक से बनाया जाता है। यह न केवल शरीर को गर्माहट देता है बल्कि ऊर्जा भी प्रदान करता है। इसकी खासियत है इसका स्वाद, जो शुद्ध तिल के मक्खन और नमक के कारण कुछ अलग ही ताजगी महसूस कराता है।
बटर टी बनाने के लिए विशेष प्रकार की काली चाय यानी ‘पर्ल टी’ उपयोग की जाती है। इसमें चाय पत्ती को उबालकर बाद में मक्खन और नमक डालकर फेंटते हैं जिससे यह पूरी तरह से मिल जाती है। पारंपरिक तौर पर इस चाय में मक्खन का इस्तेमाल याक के दूध से बना हुआ मक्खन होता है, जो इस चाय को खास स्वाद प्रदान करता है।
वहीं ठंडे इलाकों में बटर टी पीने के कई फायदे माने जाते हैं। यह शरीर में गर्माहट बनाए रखने में मदद करता है, थकान को दूर करता है और पाचन शक्ति को भी बढ़ाता है। इसके अलावा इसमें मौजूद वसा तत्व शरीर को लंबे समय तक ऊर्जा देते हैं।
अगर आप सर्दियों में कुछ अलग और स्वस्थ विकल्प तलाश रहे हैं तो बटर टी जरूर आजमाएं। यह न सिर्फ स्वाद में भिन्न है बल्कि सेहत के लिए भी लाभकारी है। इसलिए इस बार अपनी रोजाना की चाय की जगह बटर टी बनाएं और उसका मज़ा लें।
बटर टी रेसिपी को घर पर बनाना भी बहुत आसान है। बस मजबूत काली चाय बनाएं, उसमें नमक और मक्खन डालकर अच्छी तरह फेंट लें। कुछ लोग इसमें हल्का सा हरी मिर्च या हर्ब्स भी डालते हैं ताकि इसके औषधीय गुण और बढ़ जाएं।
तो इस सर्दी में अपनी चाय के स्वाद को नया आयाम दें और बटर टी की अनोखी दुनिया में कदम रखें। यह चाय आपको न केवल गर्माहट देगी बल्कि एक अनोखा स्वाद भी अनुभव कराएगी जिसे आप कभी नहीं भूल पाएंगे।

