गाज़ियाबाद के पटेल नगर कॉलोनी में सुबह करीब 3 बजे एक तीन मंजिला एयर कंडीशनर सर्विस सेंटर में अचानक भीषण आग लग गई। आग इतनी वेग से फैल गई कि पूरी इमारत जलकर राख हो गई। आग की लपटों के बीच अंदर रखे एसी के गैस सिलेंडरों और कंप्रेसरों में लगातार धमाके हो रहे थे, जिससे आसपास के इलाके में अफरा-तफरी मच गई।
आग ने खतरा पैदा कर दिया कि यह निकटवर्ती रिहायशी मकानों तक फैल सकती है। घटना में 80 वर्षीय एक बुजुर्ग की दम घुटने से मौत हो गई, वहीं कई वाहन आग की चपेट में आकर जल गए। कमिश्नरेट गाजियाबाद को सुबह 3:05 बजे सूचना मिली कि पटेल नगर स्थित प्लॉट नम्बर एफ-87 में स्थित यह एयर कंडीशनर सर्विस सेंटर आग की भेंट चढ़ गया है।
सूचना मिलते ही फायर स्टेशन कोतवाली से अग्निशमन अधिकारी और कई दमकल गाड़ियां घटनास्थल के लिए रवाना की गईं। जैसे ही फायर यूनिट पहुंची, उन्होंने देखा कि आग ने पूरी इमारत को पकड़ रखा था और अंदर गैस सिलेंडरों के तेज धमाके हो रहे थे। यह क्षेत्र घनी आबादी वाला है, इसलिए आग की लपटें और काला धुआं आसपास के लोगों के लिए भय उत्पन्न कर रहा था।
आग की गंभीरता को देखते हुए आसपास के वैशाली, साहिबाबाद और मोदीनगर फायर स्टेशनों से भी दमकल टीमों को बुलाया गया। मुख्य अग्निशमन अधिकारी के नेतृत्व में कई टीमों ने चार हौज पाइप फैला कर आग बुझाने की कवायद शुरू की। उच्च मात्रा में धुआं और धमाकों ने राहत एवं बचाव कार्य को बेहद कठिन बना दिया। दमकलकर्मियों को बीए सेट पहनकर अंदर जाकर अग्नि स्त्रोतों से मुकाबला करना पड़ा।
लगभग कई घंटे की कड़ी मेहनत के बाद आठ दमकल गाड़ियों की सहायता से आग को पूरी तरह काबू में किया गया। अंदर खोजबीन के दौरान भूतल पर एक वृद्ध व्यक्ति की मृत अवस्था मिली। उनकी पहचान त्रिलोकी नाथ (80 वर्ष) के रूप में हुई, जिन्हें दम घुटने से मृत्यु हुई मानी जा रही है।
आग लगने के कारण से दो कारें और लगभग दस मोटरसाइकिलें जलकर राख हो गई हैं। फिलहाल पुलिस और फायर विभाग आग लगने के कारणों की जांच में लगे हुए हैं। प्रारंभिक जांच में शॉर्ट सर्किट या गैस सिलेंडर में रिसाव को संभावित कारण माना जा रहा है।
यह हादसा एक सावधानीपूर्वक जांच का विषय है, ताकि भविष्य में ऐसे भयावह हादसों को रोका जा सके और लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। स्थानीय प्रशासन ने प्रभावित परिवारों से संपर्क कर सहायता प्रदान करने की बात कही है।

