आरबीआई ने क्रेडिट कार्ड नियमों में बदलाव किए, अप्रैल 2027 से लागू होंगे, मिलेगा यूजर्स को राहत

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    क्रेडिट कार्ड उपयोगकर्ताओं के लिए महत्वपूर्ण बदलाव सामने आए हैं। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने क्रेडिट कार्ड से जुड़े नियमों में संशोधन किया है, जो 1 अप्रैल 2027 से प्रभावी होंगे। नए नियमों के अनुसार, यदि भुगतान निर्धारित तिथि के तीन दिन बाद तक नहीं किया जाता है, तो खातों को “Past Due” रिपोर्ट किया जाएगा या उन पर लेट पेमेंट चार्ज लगाया जाएगा। यह कदम ग्राहकों को छोटे-मोटे भुगतानों में हुई देर के कारण पेनल्टी से बचाने के लिए उठाया गया है।

    आरबीआई के द्वारा दिए गए निर्देशों के मुताबिक, यदि कोई ग्राहक निर्धारित डेडलाइन के भीतर या इसके अतिरिक्त तीन दिनों में शुल्क चुकाता है, तो उस पर कोई भी अतिरिक्त शुल्क या पेनल्टी नहीं लगेगी। इससे पहले, कई बार बिल भुगतान में थोड़ी भी देरी होने पर तुरंत जुर्माना लगाया जाता था, जिससे यूजर्स को काफी परेशानी होती थी। नए नियम यूजर्स को राहत देने के साथ ही क्रेडिट कार्ड उपयोग में अनुशासन बढ़ाएंगे।

    लेट पेमेंट चार्ज और नियम

    नए नियमों के तहत, देर से भुगतान शुल्क केवल पेनाल्टी की तारीख के बाद बकाया राशि पर ही लागू होगा, न कि पूरे बकाया राशि पर। क्रेडिट कार्ड स्टेटमेंट में पेमेंट की तारीख से दयारश बकाया दिनों की गणना की जाएगी और उस हिसाब से लेट पेमेंट चार्ज लगाया जाएगा। आरबीआई ने इन नियमों को “कमर्शियल बैंक – ऐसेट क्लासिफिकेशन, प्रोविजनिंग और इनकम रिकॉग्निशन निर्देश 2026” के तहत प्रकाशित किया है, जो नियमित रूप से संशोधित होते रहते हैं।

    ऋण नियमों में भी कड़े बदलाव

    शुभ ऋणों को लेकर भी RBI ने कठोर दिशा-निर्देश जारी किए हैं। अब बैंकों को लोन को तीन चरणों में वर्गीकृत करना होगा और संकट की शुरुआत पर सतर्क रहने को कहा गया है। यदि कोई लोन 30 दिन तक बकाया रहता है, तो इसे सावधानी पूर्वक देखना जरूरी होगा। वहीं, 90 दिन से अधिक बकाया रहने वाले लोन को “Non-Performing Asset” (NPA) घोषित किया जाएगा। बैंक न केवल भविष्य में संभावित नुकसान का आकलन करेंगे, बल्कि उसके लिए पूंजी भी पहले से तैयार रखेंगें।

    ये सभी बदलाव वित्तीय प्रणाली को मजबूत करने और ग्राहकों को अनावश्यक आर्थिक भार से बचाने के लिए लागू किए गए हैं। इस प्रकार, 1 अप्रैल 2027 से लागू होने वाले ये नए नियम क्रेडिट कार्ड उपयोगकर्ताओं के लिए लाभकारी साबित होंगे। यूजर्स को सुझाया जाता है कि वे इन नई पॉलिसियों की जानकारी लेंगे और अपने वित्तीय प्रबंधन में सतर्क रहेंगे।

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