वाशिम। महाराष्ट्र के वाशिम जिले में एक 47 वर्षीय व्यक्ति को सरकारी नौकरी दिलाने का झूठा वादा करके एक बेरोजगार युवक से 1.73 लाख रुपए ठगने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। आरोपी रमेश रामकृष्ण नवघारे के खिलाफ स्थानीय अपराध शाखा (एलसीबी) ने जांच के बाद केस दर्ज किया है।
पुलिस के अनुसार, नवघारे ने वाशिम पंचायत समिति के पीटीओ (पैनल तकनीकी अधिकारी) पद पर नौकरियां दिलाने का झूठा आश्वासन देकर पीड़ित से कई बार पैसे लिए। उसने भर्ती प्रक्रिया में अपने प्रभाव का दावा करते हुए पीड़ित को फर्जी नियुक्ति पत्र भी सौंपा ताकि युवक की उम्मीदें बनी रहें।
शिकायतकर्ता ने बताया कि वह स्थायी सरकारी नौकरी पाने के लिए भरोसा कर कुल 1.73 लाख रुपए नवघारे को दे चुका था। हालांकि, जब उसने नियुक्ति पत्र और भर्ती प्रक्रिया के दस्तावेजों की जांच की तो उसमें विसंगतियां मिलीं। इसके बाद उसे फर्जीवाड़े का एहसास हुआ और उसने पुलिस से संपर्क किया।
वाशिम नगर पुलिस स्टेशन में दर्ज शिकायत के आधार पर एलसीबी और स्थानीय पुलिस ने संयुक्त रूप से जांच शुरू की। जांच में स्पष्ट हुआ कि नवघारे ने सरकारी नौकरी दिलाने का झूठा दावा करके युवक से ठगी की है। पुलिस को आरोपी का ठिकाना वाशिम के एक होटल परिसर में मिला, जहां से उसे गिरफ्तार किया गया।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि नवघारे के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की विभिन्न धाराओं में धोखाधड़ी, जालसाजी और आपराधिक विश्वासघात का मामला दर्ज किया गया है। जांच जारी है और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि क्या आरोपी ने इसी तरह के अन्य मामलों में भी लोगों को ठगा है। साथ ही, आरोपी से जुड़े दस्तावेजों और वित्तीय लेन-देन की भी जांच की जा रही है।
इस घटना ने युवाओं के बीच नौकरी को लेकर बढ़ती चिंता के बीच लोगों को सतर्क रहने की जरूरत को दोबारा महसूस कराया है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे कभी भी बिना प्रमाणित स्रोत से पैसे ना दें और नौकरी के मामलों में पूरी जांच करने के बाद ही कोई कार्रवाई करें।
वाशिम पुलिस की सक्रियता से इलाके में रहने वालों को न्याय मिलने की उम्मीद जगी है और प्रशासन ने इस प्रकार की धोखाधड़ी पर कड़ी नजर रखने का संकल्प लिया है।

