लखनऊ। 2019 लोकसभा चुनाव प्रचार के दौरान विवादित ‘तनखैया’ टिप्पणी मामले में समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता आजम खान को एमपी-एमएलए अदालत ने दो साल की जेल की सजा सुनाई है। इस फैसले के चलते राजनीतिक गलियारे में हलचल मची हुई है और भाजपा नेताओं ने एकमत होकर इसका स्वागत किया है।
उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा, “हम सभी अदालत के फैसले का सम्मान करते हैं। यह फैसला उन लोगों के लिए कड़ा संदेश है जो कानून-व्यवस्था से छेड़छाड़ करने की कोशिश करते हैं। किसी भी व्यक्ति के लिए कानून से ऊपर नहीं है।” उन्होंने यह भी कहा कि प्रदेश में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए इस तरह के निर्णय जरूरी हैं।
वहीं, मंत्री अनिल राजभर ने आजम खान की आलोचना करते हुए कहा, “यह सजा तो होनी ही थी। आजम खान पूरी समाजव्यवस्था, प्रशासन और सरकार को अपने से नीचे समझते थे। उनके कथन और आचरण में अहंकार साफ झलकता था। उन्होंने डॉ. बी.आर. अंबेडकर को जमीन माफिया और भारत माता को चुड़ैल कहने जैसी आपत्तिजनक टिप्पणियाँ की हैं। वे कई बार अधिकारियों से अपने पीछे सफाई करवाने की सोच रखते थे जो स्वीकार्य नहीं है।” मंत्री ने यह भी कहा कि कानून सबके लिए समान है और कोई भी इससे ऊपर नहीं।
भाजपा विधायक आकाश कुमार सक्सेना का कहना था, “आज के फैसले ने पूरे देश को स्पष्ट संदेश दिया है कि हर नेता को किसी भी अधिकारी के बारे में बोलने से पहले दो बार सोचना चाहिए। ऐसी आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल बिल्कुल नहीं होना चाहिए। आजम खान को पहले भी कई अन्य हेट स्पीच मामलों में सजा मिल चुकी है। 2019 के इस मामले में भी उन पर पहले दो बार 48 घंटे और 72 घंटे का बैन लगाया गया था। यह मामला कानून की दृढ़ता को दर्शाता है।”
यह विवाद 2019 लोकसभा चुनाव प्रचार के दौरान तब शुरू हुआ था जब आजम खान ने एक अधिकारी के बारे में विवादास्पद टिप्पणी की थी। मामले की लंबी सुनवाई के बाद विशेष अदालत ने उन्हें दोषी ठहराया और दो साल की जेल की सजा के साथ जुर्माना भी लगाया गया।
समाजवादी पार्टी ने इस फैसले को राजनीतिक साजिश करार दिया है और कहा है कि यह फैसला चुनावी माहौल प्रभावित करने के लिए किया गया है। वहीं भाजपा इसे कानून और न्याय की जीत मान रही है। आजम खान पर पहले भी कई आपराधिक मामले दर्ज हैं और कुछ मामलों में उन्हें सजा भी मिल चुकी है। इस फैसले के बाद राजनीतिक माहौल और अधिक गर्माने की संभावना है।

