विदेश विभाग ने घोषणा की है कि यूरोप, पश्चिम अफ्रीका और उत्तरी अफ्रीका में स्थित अमेरिकी दूतावासों ने एक सुनियोजित योजना का पर्दाफाश किया है, जिसमें वीजा धोखाधड़ी, प्रशिक्षण प्रणाली और समन्वित यात्रा व्यवस्थाएं शामिल हैं। इस प्रकार के नेटवर्क विदेशी नागरिकों को अवैध रूप से जन्म पर्यटन के लिए अमेरिका आने में सहायता देने का काम करते थे।
जन्म पर्यटन वह कुप्रथा है जिसमें लोग अपने बच्चे को अमेरिका में जन्म देने के लिए वहां यात्रा करते हैं, ताकि उस बच्चे को अमेरिकी नागरिकता मिल सके। विदेश विभाग का कहना है कि इन नेटवर्कों के खिलाफ कार्रवाई करने से अमेरिका में कानून का पालन होता रहेगा और वीजा प्रणाली की सुरक्षा सुनिश्चित होगी।
इन योजनाओं में वीजा धोखाधड़ी के साथ ही यात्रा के दौरान कोचिंग सत्रों का आयोजन किया जाता था, ताकि यात्रियों को अमेरिकी अधिकारियों के सामने अपनी वास्तविक स्थिति छिपाने में मदद मिल सके। इसके अतिरिक्त, समन्वित यात्रा व्यवस्था के तहत कई लोग एक साथ यात्रा करते थे, जिससे यह पता लगाना मुश्किल हो जाता था कि वे असल में क्या प्रयास कर रहे हैं।
विदेश विभाग ने बताया कि मिलीभगत करने वाले एजेंटों और फर्जी दस्तावेजों के उपयोग के कारण कई बार वीजा जालसाजी संभव हो पाती थी। इस बार की जांच में यह स्पष्ट हुआ कि विश्वसनीय वीजा प्रक्रिया को बनाए रखने के लिए कड़ी सतर्कता आवश्यक है।
अधिकारियों ने कहा है कि इस कार्रवाई के तहत सैकड़ों वीजा रद्द कर दिए गए हैं और संबंधित मामलों को कानूनी प्रक्रिया के तहत आगे बढ़ाया जाएगा। अमेरिका में जन्म लेने वाले बच्चे को नागरिकता का अधिकार दिलाने वाली इस कुप्रथा को रोकना उनकी प्राथमिकता है।
इस पहल से अमेरिका की वीजा प्रणाली में पारदर्शिता बढ़ेगी और अवैध गतिविधियों की रोकथाम होगी। विदेश विभाग ने नागरिकों से अपील की है कि वे इस तरह की धोखाधड़ी से दूर रहें और यात्रा के नियमों का पालन करें।
वहीं, विशेषज्ञ मानते हैं कि इस कदम से अन्य देशों में भी प्रभाव पड़ेगा और वे अपने वीजा एवं इमीग्रेशन सिस्टम को मजबूत करेंगे। इससे विश्व स्तर पर वीजा धोखाधड़ी पर काबू पाने में मदद मिलेगी।
यह भी संभव है कि आने वाले समय में अमेरिका और अन्य देशों के बीच इमीग्रेशन जानकारी साझा करने को लेकर और अधिक सहयोग देखने को मिले, जिससे ऐसी सजग कार्रवाइयों की संख्या बढ़ेगी।
अमेरिका ने स्पष्ट किया है कि वह अपनी कानून व्यवस्था और राष्ट्रीय सुरक्षा को प्राथमिकता देता है और ऐसे नेटवर्क जो नियमों को तोड़ते हैं, उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई करेगा। यह कदम देश की वैश्विक छवि को भी मजबूत करता है, जिसके कारण अमेरिका में आने वाले वीजा आवेदक के लिए प्रक्रियाएं अधिक पारदर्शी और सुरक्षित होंगी।

