डीएम कार्यालय ने पीएम सूर्या घर योजना के तहत 100% लक्ष्य प्राप्ति को लेकर कड़ा रुख अपनाया है। इस योजना का उद्देश्य ऊर्जा संरक्षण के साथ-साथ ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में स्वच्छ ऊर्जा के इस्तेमाल को बढ़ावा देना है। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे योजना के तहत अधिक से अधिक घरों को सौर ऊर्जा से जोड़ने पर जोर दें।
प्रधानमंत्री सूर्या घर योजना के अंतर्गत सोलर कनेक्शन प्रदान कर घरों में बिजली की पहुंच सुनिश्चित की जाती है। इस योजना से न केवल बिजली की कमी को दूर किया जाता है, बल्कि यह पर्यावरण संरक्षण में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। डीएम ने अधिकारियों को विस्तृत सर्वेक्षण कर लक्ष्य पूरा करने के लिए ठोस कदम उठाने का आह्वान किया है।
पिछले कुछ महीनों में योजना के तहत कई घरों को सौर ऊर्जा से जोड़ा गया है, लेकिन अभी अधिक प्रयास की आवश्यकता है। अधिकारियों का कहना है कि जागरूकता अभियान चलाकर लोगों को इस योजना के लाभों से अवगत कराया जा रहा है, ताकि अधिक से अधिक लोग इसका लाभ उठा सकें। साथ ही, ग्रामीण इलाकों में इस योजना का विशेषतः प्रचार किया जा रहा है, ताकि वहां के लोगों को स्वच्छ और किफायती ऊर्जा उपलब्ध हो सके।
पंजाब संबंधित अधिकारी ने बताया कि योजना का क्रियान्वयन समयबद्ध तरीके से हो रहा है और उसने स्थानीय निकायों के साथ मिलकर संभावित घरों की सूची भी बनाई है। डीएम ने कहा कि हर घर तक सौर ऊर्जा पहुंचाना प्राथमिकता होनी चाहिए और इसके लिए आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराए जाएंगे।
इस योजना के सफल कार्यान्वयन से न केवल ऊर्जा की उपलब्धता में वृद्धि होगी, बल्कि यह रोजगार के अवसर भी पैदा करेगा, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी लाभ होगा। राज्य सरकार ने भी इस पहल का समर्थन करते हुए आवश्यक नीतिगत सहायताएं दी हैं।
आशा की जा रही है कि प्राथमिकता के साथ ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में योजना के अंतर्गत 100% लक्ष्य जल्द ही प्राप्त किया जाएगा और भारत सरकार का यह प्रयास देश के ऊर्जा क्षेत्र में सकारात्मक बदलाव लाएगा।

