कांकेर जिले के जंगलों में नक्सलियों के छुपाए गए डम्प से सुरक्षा बलों ने महत्वपूर्ण सामग्री जब्त की है। इस कार्रवाई में 4 आईईडी, नक्सल वर्दी, पटाखे एवं अन्य सामग्रियां मिलीं। साथ ही, ग्राम कलपर-आमाटोला में नक्सलियों द्वारा बनाए गए चार स्मारक भी ध्वस्त किए गए।
यह अभियान बस्तर के आईजी सुन्दरराज पी. के मार्गदर्शन में चलाया जा रहा है, जिसमें डीआईजी बीएसएफ भानुप्रतापपुर ओमप्रकाश तथा कांकेर के पुलिस अधीक्षक निखिल कुमार राखेचा का नेतृत्व है। 94वीं बटालियन बीएसएफ के प्रभारी सेनानी मनोज कसाना के नेतृत्व में डीआरजी एवं बीएसएफ की संयुक्त टीम को सीमा क्षेत्र में गश्त और सर्चिंग के लिए भेजा गया।
15 मार्च को थाना छोटेबेठिया क्षेत्र के ग्राम हापाटोला-बीनागुण्डा के जंगल-पहाड़ी इलाके में नक्सल डम्प का पता चला, जहाँ से 3 प्रेशर कुकर आईईडी, एक पाइप आईईडी, बिजली के तार का एक बंडल, तीन नक्सल वर्दी, पटाखे, नक्सल साहित्य और अन्य सामग्री बरामद की गई। प्रेशर कुकर आईईडी में एक का वजन लगभग 10 किलोग्राम और दो के लगभग 55 किलोग्राम था।
सुरक्षा कारणों से बरामद आईईडी को टीम ने मौके पर निष्क्रिय कर नष्ट कर दिया। इसके अलावा, ग्राम कलपर-आमाटोला में नक्सलियों द्वारा बनाये गए चार स्मारकों को भी हटाया गया। इस कार्रवाई में बीएसएफ के एसी सतेन्दर मोहन, डीआरजी कमांडर उकेश कोर्राम और अन्य जवान शामिल थे।
थाना छोटेबेठिया में इस मामले में वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी गई है। यह प्रयास स्थानीय सुरक्षा स्थिति को मजबूत करने और नक्सलियों की गतिविधियों को रोकने का हिस्सा है। जिले में सुरक्षा बल लगातार ऐसे अभियान चला रहे हैं ताकि नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में स्थिरता और शांति स्थापित की जा सके।
स्थानीय प्रशासन एवं सुरक्षा एजेंसियां इस कार्यवाही को नक्सलवाद विरोधी अभियान में एक महत्वपूर्ण कदम बता रही हैं। आमजन की सुरक्षित जीवन-यापन के लिए ऐसे कार्रवाइयां निरंतर जारी रहेंगी।

