पंजाब किंग्स के युवा खिलाड़ी सूर्यांश शेडगे ने हाल ही में अपनी मानसिक तैयारी और टीम के साथ बिताये गए समय के बारे में खुलकर बातचीत की। मुंबई के इस क्रिकेटर ने बताया कि sidelined रहने के दौरान उन्होंने कैसे अपने आप को तैयार रखा और टीम के प्रमुख सदस्य श्रेस और मुख्य कोच रिक्की पोंटिंग के साथ हुई महत्वपूर्ण बातचीत ने उन्हें सही मानसिक स्थिति में बनाए रखा।
शेडगे ने कहा, “जब आप खेल से कुछ समय के लिए दूर होते हैं, तो मनोवैज्ञानिक रूप से तैयार रहना बहुत जरूरी होता है। मैंने इस समय को तैयारी और आत्मनिरीक्षण के लिए उपयोग किया।” उनका मानना है कि टीम के वरिष्ठ खिलाड़ियों जैसे श्रेस के साथ Meaningful Chats ने उन्हें प्रेरित और केंद्रित रखा।
उन्होंने आगे बताया कि मुख्य कोच रिक्की पोंटिंग के साथ हुई दिल से दिल की बात (Heart-to-Heart Conversation) ने उनके आत्मविश्वास को बढ़ावा दिया। पोंटिंग ने उन्हें समझाया कि कैसे इस कठिन दौर में धैर्य और सकारात्मक सोच से ही आगे बढ़ा जा सकता है। यह बातचीत शेडगे के लिए बहुत मायने रखती थी क्योंकि इससे उन्हें अपनी भूमिका को बेहतर तरीके से समझने में मदद मिली।
सूर्यांश शेडगे का मानना है कि आईपीएल जैसे बड़े टूर्नामेंट में केवल तकनीकी कौशल ही काफी नहीं होता, बल्कि मानसिक दृढ़ता और टीम के साथ मजबूत संबंध भी उतने ही जरूरी हैं। उन्होंने कहा, “टीम के माहौल और सकारात्मक ऊर्जा से ही खिलाड़ी अपनी श्रेष्ठता दिखा पाते हैं।”
पंजाब किंग्स की टीम में सूर्यांश शेडगे की यह प्रतिबद्धता और कड़ी मेहनत निश्चित ही उन्हें आगामी मैचों में बेहतर प्रदर्शन करने में मदद करेगी। टीम प्रबंधन भी उनके इस दृष्टिकोण से खुश है और उन्हें भविष्य का महत्वपूर्ण खिलाड़ी मानता है।
अंततः, शेडगे ने यह संदेश स्पष्ट किया कि इन दिनों की तैयारियां और बातचीत न केवल उनकी खेल क्षमता बल्कि उनके मानसिक स्वास्थ्य के लिए भी लाभदायक साबित हुई हैं। इस समय को उन्होंने अपनी पेशेवर यात्रा के लिए एक अवसर के रूप में स्वीकार किया है और आने वाले समय में टीम के लिए बेहतर योगदान देने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।

