लखनऊ। मोहल्ला मोहनलालगंज की पुलिस ने एक बड़े जालसाज़ गिरोह का पर्दाफाश करते हुए फर्जी बैनामा बनाकर करोड़ों की जमीन पर अवैध कब्जा करने वाले तीन शातिर आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, ये आरोपी नकली दस्तावेजों का सहारा लेकर एक महिला से करोड़ों रुपए की जमीन हड़पने की कोशिश कर रहे थे, जिन्हें गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, आरोपियों ने फर्जी दस्तावेज तैयार कर स्वामित्व का झूठा दावा किया और लगभग 9.91 लाख रुपए में बैनामा किया। मामले की जांच में यह स्पष्ट हुआ कि दस्तावेज और जमीन के मालिकाना हक के रिकॉर्ड फर्जी थे। पुलिस ने इस घोटाले में मुख्य आरोपी सहित तीनों को उनके घरों से गिरफ्तार किया और उनके खिलाफ धोखाधड़ी, जालसाजी तथा आपराधिक षड़यंत्र की विभिन्न धाराओं में केस दर्ज किया है।
पुलिस इस मामले की गंभीरता को देखते हुए आगे भी जांच प्रक्रिया में जुटी है ताकि इस प्रकार की घटनाओं पर रोक लगाई जा सके। गिरफ्तार आरोपियों को कोर्ट में पेश कर न्यायिक अभिरक्षा में भेजा गया है।
इस मामले के अतिरिक्त, लखनऊ से एक अन्य बड़ी साइबर ठगी की घटना भी सामने आई है, जहां महिगवां पुलिस और साइबर सेल ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए एक अंतरराज्यीय गिरोह को धड़पकड़ा दिया है। इस गिरोह के पांच शातिर आरोपियों को गिरफ्तार करते हुए उनके पास से कई मोबाइल फोन, नकद राशि, बैंक कार्ड, आधार और पैन कार्ड समेत सिम कार्ड बरामद किए गए हैं।
पुलिस के मुताबिक यह आरोपी भीड़भाड़ वाले इलाकों में मोबाइल चोरी कर उन्नत तकनीकों का इस्तेमाल करते हुए यूपीआई के माध्यम से लोगों से ठगी करते थे। पूछताछ में आरोपियों ने महिगवां और बीकेटी इलाके में करीब 8.19 लाख रुपए की ठगी स्वीकार की है। इनके वाहन स्विफ्ट डिजायर कार और स्प्लेंडर बाइक भी जब्त किए गए हैं।
अखिरकार, पुलिस ने सभी आरोपियों को कोर्ट में पेश कर विधिवत कार्रवाई शुरू कर दी है। इस घटनाक्रम से उम्मीद जताई जा रही है कि अन्य अपराधियों के लिए यह एक चेतावनी होगी। पुलिस लगातार ऐसे अपराधों की रोकथाम और जांच में सक्रिय है ताकि आम लोग सुरक्षित रह सकें।

