IPL में खेलना मेरी सभी प्रारूपों की बल्लेबाजी सुधारने में सहायक रहा: बेटहेल

Rashtrabaan

    22 वर्षीय बल्लेबाज बेटहेल ने आईपीएल में खेलते हुए अपनी सभी प्रारूपों की बल्लेबाजी में सुधार होने की बात कही है। फिलहाल, वह 2025 के चैम्पियन टीम के साथ दो साल की ongoing अवधि के दौरान केवल छह मैच खेल चुके हैं। उनका इस बार प्लेइंग इलेवन में जगह बनना इसलिए संभव हुआ क्योंकि उनके साथी खिलाड़ी फिल सॉल्ट को चोट लग गई थी।

    बेटहेल ने टीम में अपनी जगह बनाने के लिए मेहनत की है और उन्हें विश्वास है कि आईपीएल का प्रतिस्पर्धात्मक स्तर उन्हें बेहतर बल्लेबाज बनाने में मदद कर रहा है। उन्होंने कहा कि आईपीएल के उच्च गुणवत्ता वाले गेंदबाजों और तेज रफ्तार मैचों का सामना कर उनकी तकनीक और मानसिकता दोनों विकसित हुई हैं।

    न केवल घरेलू क्रिकेट में, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी सफलता पाने के लिए बल्लेबाजों को विभिन्न प्रारूपों में खेलने का अनुभव होना जरूरी है। बेटहेल के लिए यह टूर्नामेंट एक अवसर रहा है जहां उन्होंने अपनी क्षमताओं को परखा और सीमित ओवरों में अपनी बल्लेबाजी को और निखारा।

    आईपीएल के दौरान लगातार प्रतिस्पर्धा में बने रहना, दबाव में खेलना और नई परिस्थितियों का सामना करना एक खिलाड़ी की व्यक्तिगत और पेशेवर विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। बेटहेल ने भी इस बात को स्वीकार करते हुए बताया कि आईपीएल से मिली अनुभव ने उन्हें विभिन्न प्रारूपों में बेहतर बल्लेबाजी की तैयारी में मदद की है।

    आगे चलकर यह देखा जाना होगा कि वह इस अनुभव का लाभ कैसे उठाते हैं और टीम के लिए लगातार योगदान देते हुए अपने खेल को और उन्नत बनाते हैं। फिलहाल, चोटिल फिल सॉल्ट की जगह पकड़कर उन्होंने खुद को साबित किया है और आने वाले मैचों में भी अपनी छाप छोड़ने के लिए तैयार हैं।

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