हमीरपुर। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्पष्ट रूप से कहा है कि अब उत्तर प्रदेश नहीं बल्कि वे लोग पहचान के लिए मोहताज हैं, जिन्होंने प्रदेश को बीमारू बनाया था। उन्होंने कहा कि आज इनके सामने पहचान का संकट खड़ा हो गया है और जनता उन्हें दुत्कारती है, भगाती है तथा उनसे बेपरवाह हो गई है।
सीएम योगी ने जनसमूह को यह संदेश देते हुए कहा कि जनता ने कमल के फूल पर वोट देकर हमीरपुर और राठ में भाजपा को जिताया है, जिससे सुरक्षा, हर घर नल, एक्सप्रेस-वे समेत अनेक विकास योजनाओं और नवाचारों का मार्ग प्रशस्त हुआ है। यह जनता की अपेक्षा और विश्वास का परिणाम है जो विकास को गति दे रहा है।
उन्होंने बुंदेलखंड के वासियों से अपील की कि वे माफिया के सरपरस्तों को पुनः सत्ता में आने न दें। जाति, क्षेत्र या भाषा के नाम पर विभाजन न करें और विकास, विरासत, आस्था और अर्थव्यवस्था के लिए स्वस्थ प्रतिस्पर्धा को बढ़ावा दें। यही रास्ता प्रदेश की समृद्धि और पहचान की गारंटी है।
स्वामी ब्रह्मानंद डिग्री कॉलेज, राठ में 636 करोड़ रुपए से अधिक की लागत से 75 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास करते हुए उन्होंने हमीरपुर के विकास को समर्पित एक लघु फिल्म भी प्रदर्शित की।
सीएम योगी ने कहा कि नौ साल पूर्व बुंदेलखंड की कनेक्टिविटी बेहद खराब थी, सड़कें गड्ढों में डूबी थीं, माताएं-बहनें पानी ढोने को मजबूर थीं। यमुना और बेतवा के संगम पर बसा हमीरपुर पानी और नौजवानों की पहचान के लिए तरस रहा था। बालू, खनन और भूमाफिया गरीबों का शोषण कर रहे थे जबकि यूपी के लोगों को संदेह की निगाह से देखा जाता था।
उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में पिछले 12 वर्षों में भारत बदला है। योग दिवस के माध्यम से देश ने अपनी पहचान को विश्व स्तर पर फिर से स्थापित किया है। प्रधानमंत्री ने कुंभ को मानवता की अमूर्त सांस्कृतिक विरासत के रूप में मान्यता दिलाकर उसकी महत्ता बढ़ाई है।
सीएम योगी ने जातिवाद की राजनीति करने वालों पर कटाक्ष करते हुए कहा कि वे केवल अपने परिवार का पेट भरते हैं, जबकि प्रधानमंत्री मोदी के लिए पूरे भारत 140 करोड़ परिवार है और हमारे लिए उत्तर प्रदेश के 25 करोड़ लोग परिवार हैं। यहां जनता के हितों के लिए योजनाएं बनाकर उन्हें लागू किया जा रहा है और परिणाम तेजी से आ रहे हैं।
2017 में सीएम बनने के बाद उन्होंने बुंदेलखंड की खराब कनेक्टिविटी के मुद्दे को उठाया। इसके परिणामस्वरूप बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे परियोजना पूरी हुई। अब प्रदेश में गोला-बारूद, तोप-मिसाइल बन रहे हैं और लखनऊ में बना ब्रह्मोस मिसाइल ऑपरेशन सिंदूर में पाकिस्तान पर दागा गया जिसमें उसकी हार स्पष्ट हुई।
हर घर जल योजना बहन-बेटियों के लिए राहत दे रही है। महिला स्वयंसेवी समूह जैसे बलिनी मिल्क प्रोड्यूसर, ड्रोन दीदी, लखपति दीदी, बीसी सखी आदि को पहचान मिल रही है। पुलिस भर्ती में बुंदेलखंड के नौजवानों को भी अवसर मिल रहा है, जो पहले संभव नहीं था क्योंकि पिछली योजनाएं केवल सैफई केंद्रित थीं।
अब पूरे प्रदेश को ध्यान में रखते हुए सिंचाई, पेयजल और कनेक्टिविटी की योजनाएं बनाई जा रही हैं। चित्रकूट से वायुसेवा शुरू होने के बाद बुंदेलखंड में एयर कनेक्टिविटी बेहतर होगी। ट्रेन सेवाओं में भी सुधार हुआ है।
सीएम ने कहा कि सरकार ने राठ के लिए बस स्टैंड स्वीकृत किया है और इसे तेजी से विकसित किया जाएगा। शाहजहांपुर में स्वामी शुकदेवानंद राज्य विश्वविद्यालय का निर्माण हो चुका है जबकि भदोही में काशी नरेश विश्वविद्यालय का शुभारंभ हो गया है। स्वामी ब्रह्मानंद महाविद्यालय प्रबंध समिति की ओर से अभी तक प्रस्ताव नहीं आया है, लेकिन सरकार तैयार है। विश्वविद्यालय बड़े और व्यापक सोच के साथ होंगे जिससे अन्य जनपदों के महाविद्यालय भी संबद्ध हो सकें। ये आधुनिक तकनीकी शिक्षा देंगे और युवाओं को डिफेंस मैन्युफेक्चरिंग कॉरिडोर के लिए स्किलिंग देंगे।
हमीरपुर में मेडिकल कॉलेज के निर्माण पर भी जोर दिया गया। सीएम योगी ने कहा कि सपा सरकारों के दौर में बुंदेलखंड में माफिया सक्रिय थे जो जमीनों पर कब्जा करते, अवैध खनन से गरीबों को पीड़ित करते और पुलिस पर हमले भी करते थे। इससे प्रदेश की छवि खराब हुई। अब डबल इंजन सरकार माफिया की जगह नहीं छोड़ती; वे जेल में हैं या मिट्टी में मिलने लगे हैं। बेटी की सुरक्षा में किसी ने यदि अपराध किया तो कड़ी कारवाई होगी।
तालाब खुदवाकर जल संरक्षण के बड़े कार्यक्रम चल रहे हैं। हर घर जल योजना व्यापक परिवर्तन की भूमिका निभाएगी। कबरई, रतौली, बावनी, कचनौदा, चिल्ली-मजगांवा स्प्रिंकलर सिंचाई और केन-बेतवा परियोजनाओं पर कार्य निरंतर जारी है जिससे सिंचाई और पेयजल संकट समाप्त होगा।
सीएम योगी ने जल संरक्षण, स्वच्छता और पौधरोपण पर बल दिया। उन्होंने कहा कि मानसून में देरी हो रही है और अगले तीन वर्षों तक असामयिक या कम वर्षा की आशंका है। इसलिए जल की हर बूंद को बचाना अति आवश्यक है। नलों को लगातार खुला रखने के बजाय जरूरत के अनुसार उपयोग करें। जल चोरी को रोकना होगा ताकि पेयजल संकट न उत्पन्न हो। सिंचाई के लिए आधुनिक और प्रभावी तरीकों को अपनाना होगा।
खेती में कम सिंचाई में बेहतरीन उत्पादन के लिए वैज्ञानिक तकनीकों को अपनाने का आग्रह भी किया गया। पिछली सरकारों ने जहां शोषण किया, वहीं वर्तमान सरकार बुंदेलखंड को देश के आवश्यक औद्योगिक केंद्रों में परिवर्तित कर रही है। झांसी के पास भारत का सबसे बड़ा औद्योगिक क्षेत्र विकसित हो रहा है जिससे युवा पलायन से बचेंगे। हिंदुस्तान यूनिलीवर, जेके सीमेंट, रिमझिम इस्पात, एनटीपीसी सोलर प्लांट, गेल इंडिया जैसी कंपनियों की परियोजनाएं स्वीकृत होकर चल रही हैं।
सीएम ने जनता से कहा कि जब आपने अच्छे जनप्रतिनिधि चुने हैं, तभी विकास योजनाएं मूर्त रूप ले रही हैं। आपके एक वोट ने यूपी की तकदीर बदली है। अयोध्या में राम मंदिर, काशी विश्वनाथ धाम, विंध्यवासिनी कॉरिडोर का निर्माण और भव्य महाकुंभ सम्पन्न हुआ। कांग्रेस और सपा की उन कथनी-करनी पर भी टिप्पणी की गई जिसने राम-श्री कृष्ण आदि संवेदनशील मुद्दों पर विरोध किया।
आस्था के केंद्रों के लिए सरकार पर्यटन में सौंदर्यीकरण कर रही है, कब्रिस्तानों पर अब सरकारी धन खर्च नहीं होता। मोदी जी के नेतृत्व में बुंदेलखंड की दशा सुधरी है और नई योजनाएं शिक्षा, स्वास्थ्य, सिंचाई व रोजगार के लिए लाई जा रही हैं। इस प्रकार वर्तमान सरकार ने जनविश्वास और विकास के क्षेत्र में कई ठोस कदम उठाए हैं जो प्रदेश के हित में हैं।

